Monday, 20 April 2026

अपठित गद्यांश -महात्मा हंसराज


  

निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर प्रश्नों के उत्तर लिखिए। 

क्या आपने कभी सोचा है कि एक शिक्षक पूरे देश को कैसे बदल सकता है? महात्मा हंसराज ऐसे ही एक महान शिक्षक थे।

महात्मा हंसराज का जन्म 1864 में पंजाब में हुआ था। वे एक साधारण परिवार से थे लेकिन उनके सपने बहुत बड़े थे। वे चाहते थे कि भारत के हर बच्चे को अच्छी शिक्षा मिले।

हंसराज जी ने लाहौर में डी.ए.वी. कॉलेज की स्थापना की। यह कॉलेज आज भी बहुत प्रसिद्ध है। उन्होंने अपना पूरा जीवन इस कॉलेज को बनाने में लगा दिया। वे खुद बहुत सादा जीवन जीते थे। उनके पास ज्यादा पैसे नहीं थे पर उनका दिल बहुत बड़ा था।

वे हमेशा कहते थे कि शिक्षा ही सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने गरीब बच्चों को मुफ्त में पढ़ाया। वे अपने छात्रों से बहुत प्यार करते थे और उन्हें अच्छा इंसान बनना सिखाते थे।

महात्मा हंसराज ने 1938 में अंतिम सांस ली। आज भी लोग उन्हें याद करते हैं क्योंकि उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में बहुत महत्वपूर्ण काम किया। उनकी वजह से हजारों बच्चों का जीवन बदल गया।

1
महात्मा हंसराज का सबसे बड़ा सपना क्या था?
2
हंसराज जी ने डी.ए.वी. कॉलेज बनाने के लिए अपना जीवन कैसे जिया?
3
हंसराज जी गरीब बच्चों की मदद कैसे करते थे?
4
हंसराज जी के अनुसार सबसे बड़ी ताकत क्या है?
5
आज लोग महात्मा हंसराज को क्यों याद करते हैं?

Monday, 13 April 2026

हाथी और चिड़िया' माधुरी शब्दार्थ,Quiz

, 'हाथी और चिड़िया' शब्दार्थ

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  1. तिनके: घास  के छोटे और पतले टुकड़े
  2. कुदरत: प्रकृति 
  3. कंजूसी: किसी चीज़ को देने में कमी करना।
  4. उजड़ जाना: खराब होना या  नष्ट होना
  5. वश:  काबू में रखना या नियंत्रण में करना।
  6. अफ़सोस: अपनी किसी गलती पर होने वाला दुख या पछतावा
  7. प्रसन्न: बहुत अधिक खुश होना।
  8. असहाय: वे व्यक्ति जिनका कोई सहारा न हो या जो बेबस हों।
  9. मज़ाक: किसी की हँसी उड़ाना।
  10. आकृति: किसी चीज़ का विशेष आकार या बनावट


अपठित गद्यांश -महात्मा हंसराज

   निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर प्रश्नों के उत्तर लिखिए।  क्या आपने कभी सोचा है कि एक शिक्षक पूरे देश को कैसे बदल सकता है? महात्मा हंसराज ऐसे...